ISRO अध्यक्ष वी. नारायणन ने घोषणा की कि भारत 2040 तक चांद पर मानव भेजने का लक्ष्य लेकर चल रहा है। ISRO चीफ के मुताबिक, 2027 में 'गगनयान' मिशन की शुरुआत होगी, और 2035 तक भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन तैयार हो जाएगा।
चंद्रयान-5 मिशन में एक अधिक परिष्कृत लैंडर और रोवर भेजा जा सकता है, जो पहले से ज्यादा उन्नत उपकरणों से लैस होंगे और चंद्रमा पर अधिक समय तक कार्य करने में सक्षम होंगे। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, चंद्रयान-5 को एक सैंपल रिटर्न मिशन के रूप में भी विकसित किया जा सकता है।
देश में आज राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस मनाया जा रहा है। इस बार दूसरा राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस मनाया जा रहा है। आइये जानते हैं कि राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस क्यों मनाते हैं और इसे मनाने का उद्देश्य क्या है?
इसरो दिन प्रतिदिन सफलता की नई कहानी लिख रहा है। साल 1975 के आर्यभट्ट के प्रक्षेपण से लेकर 2023 के आदित्य एल वन के प्रक्षेपण तक इसरो ने कामयाबी के कई कीर्तिमान स्थापित किये हैं। जानिए इसरो के आर्यभट्ट से लेकर आगामी मिशन गगनयान तक का सफर...
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेशनल स्पेस डे के अवसर वैज्ञानिकों को बधाई दी है और कहा है कि भारत जल्द ही गगनयान की उड़ान भरेगा।
भारत सरकार ने चंद्रयान-5 मिशन को मंजूरी दे दी है। चंद्रयान-5 मिशन के तहत, चंद्रमा की सतह का अध्ययन करने के लिए 250 किलोग्राम का रोवर भेजा जाएगा।
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) द्वारा बेंगलुरु से प्रक्षेपित चंद्रयान-3 ने 23 अगस्त, 2023 को चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के पास ‘सॉफ्ट लैंडिंग’ की थी। इसके तीन दिन बाद 26 अगस्त को ‘लैंडिंग’ स्थल का नाम ‘शिव शक्ति पॉइंट’ रखा गया।
भारत में चंद्रयान-4 मिशन पर सरकार की मुहर लग गई है। इस बीच चंद्रयान-3 को लेकर भी नया अपडेट आया है। अब प्रज्ञान ने चांद की सतह पर एक बड़ी खोज की है।
चंद्रयान-3 के प्रज्ञान रोवर ने चंद्रमा पर अद्भुत खोज की है। इस खोज से वैज्ञानिक भी प्रसन्न हैं। प्रज्ञान रोवर ने चांद पर 160 किमी चौड़ा प्राचीन गड्ढा खोज लिया है।
‘चंद्रयान-4’ अभियान अंतरिक्ष यात्रियों को वर्ष 2040 तक चंद्रमा पर उतारने और सुरक्षित रूप से पृथ्वी पर वापस लाने के लिए आधारभूत टेक्नोलॉजी को विकसित करेगा
भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी ISRO ने दुनिया को बड़ा तोहफा दिया है। एजेंसी ने चंद्रयान-3 मिशन का डाटा सार्वजनिक कर दिया है। आपको बता दें कि बीते साल 23 अगस्त की तारीख को ही भारत का चंद्रयान-3 चांद के दक्षिणी हिस्से पर लैंड हुआ था।
23 अगस्त 2023 को भारत चंद्रयान 3 मिशन के जरिए चांद पर सॉफ्ट लैंडिंग करने वाला चौथा देश बना और चांद के दक्षिण ध्रुव तक पहुंचने वाला पहला। पीएम नरेंद्र मोदी ने उसी दिन ऐलान कर दिया कि 23 अगस्त देश के सुनहरे अक्षरों में अंकित हो गया है और अब देश कामयाबी का जश्न हर साल मनाएगा।
लैंडर और रोवर से युक्त चंद्रयान-3 को इसरो, बेंगलुरु द्वारा लॉन्च किया गया था। लैंडर ने 23 अगस्त, 2023 को चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के पास 'सॉफ्ट लैंडिंग' की थी। चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव से प्राप्त प्रज्ञान के आंकड़ों में पाया गया कि चंद्रमा की मिट्टी एक ही प्रकार की चट्टान फेरोअन एनोर्थोसाइट (एफएएन) से बनी है।
पीएम मोदी ने कहा कि वह उस जगह का नामकरण किसी बीजेपी के नेता के नाम पर कर सकते थे, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया। उन्होंने कांग्रेस की परंपरा से अलग रहकर काम किया।
इसरो चीफ एस सोमनाथ ने बताया कि फ़िलहाल दवाएं चल रही हैं। सर्जरी के कुछ दिनों बाद सब ठीक हो गया। उन्होंने कहा हालांकि इस जंग को अभी और लड़ना है लेकिन मुझे भरोसा है कि मैं यह जंग जीत लूंगा।
उतरते समय मून लैंडर ओडीसियस का एक पैर चंद्रमा पर फंस गया था। इससे यह एक ओर झुक गया है। स्टैंडबाय मोड का उद्देश्य लैंडर की क्षमता को दो से तीन हफ्ते तक और काम करने के लिए बनाया गया था।
चांद से एक बार फिर खुशखबरी आई है। खुशखबरी यह है कि चंद्रमा पर गए एक चंद्रयान ने 9 दिन तक 'शांत' रहने के बाद फिर से काम करना शुरू कर दिया है। इस देश ने भारत के बाद अपना चंद्रयान चंद्रमा के लिए छोड़ा था। इससे पहले इस देश ने तीन बार यह चंद्र मिशन टाल दिया था।
अगर सबकुछ ठीक रहा तो 50 से अधिक वर्ष बीत जाने के बाद फिर से चांद पर मानवों के कदम जल्द पड़ेंगे। हालांकि अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा का 2024 का यह मून मिशन तकनीकी वजहों से एक साल के लिए स्थगित हो गया है। अब यह 2025-26 में चांद के लिए रवाना होगा। चांद पर पहलीबार 20 जुलाई 1969 को मानव ने पहला कदम रखा था।
इस साल ISRO ने भारतीय स्पेस के इतिहास में कई स्वर्णिम कारनामे दर्ज किए हैं। कई महत्वपूर्ण अभियान के साथ-साथ भारतीय स्पेस एजेंसी ने अन्य देशों की सैटेलाइट्स को स्पेस में पहुंचाया। यह साल इसरो के लिए बेहद ही यादगार रहा।
साल 2023 देश और दुनिया के लिए तमाम तरह की घटनाओं से भरा रहा और इंडिया टीवी आपको इन घटनाओं के बारे में लगातार जानकारियां मुहैया कराता रहा। यहां हम आपको इंडिया टीवी पर 10 सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरों के बारे में बता रहे हैं।
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