बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव ने होली के मौके पर एक पुलिसकर्मी को धमकी दी और जबरन नाचने पर मजबूर किया। इस घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें तेजप्रताप यादव स्टेज पर बैठे दिखाई दे रहे हैं और माइक लेकर नीचे बैठे लोगों को निर्देश दे रहे हैं। इस बीच वह एक पुलिसकर्मी को 'ठुमका लगाने' के लिए कहते हैं। इसके साथ ही उनकी बात नहीं मानने पर सस्पेंड कराने की धमकी भी दे रहे हैं। यह वीडियो पटना में तेजप्रताप यादव के घर पर आयोजित कार्यक्रम का है।
तेजप्रताप यादव का यह वीडियो सामने आने के बाद बिहार की राजनीति गर्मा गई है। जेडीयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन ने इस वीडियो पर कहा कि अब बिहार में ऐसी हरकतों के लिए जगह नहीं है।
जेडीयू नेता का बयान
राजीव रंजन ने कहा, "जंगलराज का दौर तो खत्म हो गया, लेकिन लालू जी के प्रथम युवराज की हरकतें देखिये। एक पुलिसकर्मी को ठुमका लगाने का आदेश दे रहे हैं और नहीं मानने पर कार्रवाई की धमकी भी दे रहे हैं। लालू परिवार के कुनबे को समझना होगा कि बिहार अब बदल गया है। बदलते बिहार में अब इस तरह की हरकतों के लिए जगह नहीं है।"
बीजेपी ने भी साधा निशाना
तेजप्रताप यादव का यह वीडियो सामने आने के बाद भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा, "जैसा बाप वैसा बेटा। पहले, पिता तत्कालीन सीएम के रूप में कानून को अपने इशारों पर नचाते थे और बिहार को जंगल राज में बदल देते थे। अब बेटा सत्ता से बाहर होने के बावजूद धमकी और दबाव के जरिए कानून और कानून के रक्षकों को अपने इशारों पर नचाने की कोशिश करता है। वह पुलिस कर्मियों को नहीं नाचने पर निलंबित करने की धमकी देता है। इससे पता चलता है कि राजद जंगल राज में विश्वास करता है। अगर वे गलती से भी सत्ता में आ गए, तो वे कानून तोड़ेंगे और कानून के रक्षकों को नचाएंगे। यह एक ट्रेलर है। इसलिए, उन्हें सत्ता से दूर रखना जरूरी है।"